Subscribe
×
Your name
Your email
Friday 18th September 2026
Facebook
Twitter
Instgram
You Tube
Rss
MediaVigil
Comment is free, but facts are sacred
Subscribe
Subscribe
Facebook
Twitter
Instgram
You Tube
Rss
ख़बर
देश
प्रदेश
राजनीति
समाज
ख़बर
विज्ञान
मीडिया
सामाजिक न्याय
वीडियो
MV स्पोर्ट्स
Renaissance
आंदोलन
पर्यावरण
मीडिया
राजनीति
विज्ञान
संपादकीय
समाज
समुदाय
सांप्रदायिकता
सामाजिक न्याय
ख़बर
फैक्ट चेक
Home
»
Raghvendra Dubey Bhau
Raghvendra Dubey Bhau News
#MeToo: हिंदी अख़बारों के कामातुर लपकहे, जो यौन उत्पीड़न करते-करते स्टेट हेड हो गए!
थरूर ‘हिंदू पाकिस्तान’ के ख़तरे पर अड़े, तो लोग भी होने लगे साथ खड़े !
RSS पर हमलावर राहुल गाँधी और ढाल बनते प्रणब मुखर्जी !
बीजेपी ने इमरजेंसी विरोधी बहादुराना संघर्ष को अपमानित किया -डी.पी.टी
इतिहासयुद्ध : मिथ्या गौरव के नये मिथक गढ़ने की ‘सैप्टिक’ इच्छा !
वह प्रभाष जोशी की रणनीतिक कुशलता का ‘हेमंत’ था !
बाबरी ध्वंस हो चुका था और पंडित जी नभाटा में लिख रहे थे -राधा का लास्य !
मायावती की प्रेस कान्फ्रेंस में रिपोर्टर बस इमला लिखते थे !
राजेंद्र माथुर ने कहा-मैं जो लिखता हूँ, वही मैं हूँ, बाक़ी सब अप्रासंगिक !
अख़बारों में गला काट होड़ है, लेकिन कंटेंट ‘पूल’ होता है !
जो कुछ नहीं लिख सकते, ख़ुद को न्यूज़ का आदमी कहते हैं !
अख़बार प्रतिभा के वधस्थल होते जा रहे थे….!
कभी हिंदी के पास राजेंद्र माथुर थे, अब मछली खिलाकर संपादक हो जाते हैं !
नेहरू की सीख और प्रभाष जोशी की परंपरा का नाश कर दिया मनोरोगी संपादकों ने !
संपादक मज़े में है, मालिक भी मज़े में, पत्रकार ही तबाह, यहाँ भी है वहाँ भी !
बनिया (मालिक)+ब्राह्मण (संपादक)= हिंदी पत्रकारिता !
संपादक ने कहा- रिपोर्टर लिक्खाड़ नहीं ‘लॉयल’ चाहिए !
प्रमुख सचिव से करोड़ों का विज्ञापन झटकने वाला औसत पत्रकार बना संपादक !
दिल्ली से फ़रमान आया- ‘प्रभाष जोशी के देहावसान की ख़बर नही जाएगी !’
6 दिसंबरः मैने इतिहास को नंग धड़ंग देखा !
6 दिसंबर: रिपोर्टर पिटा,अख़बार बढ़ा और मालिक पहुँचा राज्यसभा !
6 दिसंबर: सच नहीं, ह्यूमन स्टोरी के नाम पर कारसेवकों का ‘शौर्य’ लिखने का आदेश था !
6 दिसंबर: अख़बार हिंदू एजेंडा पर चल पड़े थे, पत्रकार अब उसकी ही पुतरी थे !
6 दिसंबर :”रपटों में केवल हुंकार लिखना था, हिंदी अख़बार हिंदू हो गये थे !”
ख़बर
अमेरिका के बाद कनाडा में भी RSS पर बैन का प्रस्ताव!
अमेरिकी आयोग ने RSS पर प्रतिबंध लगाने की सिफ़ारिश की
मोदी राज में लगातार बढ़ा ईसाई समुदाय पर अत्याचार- IAMC
सरदार पटेल के साथ विश्वासघात है सरकारी कर्मचारियों को आरएसएस में जाने की छूट!
मोदी की तीसरी पारी के पहला साल में बढ़ा हेट क्राइम, 25 मुस्लिमों ने गँवाई जान!
वीडियो
कांग्रेस की प्रेस कांफ्रेंस, कर्नाटका के सीएम का एलान और एक छोटा विश्लेषण..
कर्नाटक में कांग्रेस छायी, राहुल ने कहा – ‘नफ़रत के बाज़ार में मोहब्बत की दुकान खोल दी’
बृजभूषण के और उनके पक्ष में खड़े लोगों के तर्क में बुनियादी दिक्कतें क्या हैं?
लालकिले से राहुल के साथ, ‘कमल’ संदेश – कमल हासन ने क्या कहा?
मीडिया 24 घंटे सिर्फ नफ़रत फैला रहा है – लालकिले पर राहुल गांधी का भाषण देखिए
दस्तावेज़
शिवाजी के लिए तमाम मुस्लिम सेनानायकों ने भी बहाया था अपना ख़ून!
दलितों के सहारा थे नेहरू, उनमें राम की झलक थी- अटल बिहारी वाजपेयी
हिंदू राष्ट्र को हर कीमत पर रोको ,यह देश के लिए विपत्ति होगी -डॉ.आंबेडकर
‘हिंदुत्व’ ने की ‘महानतम हिंदू’ गाँधी की हत्या! ‘पाकिस्तान’ की प्रतिक्रिया का दावा झूठा!
‘समाजवादी’ विवेकानंद के विचारों के उलट है ‘हिंदुत्व’ राग!
काॅलम
दलितों के सहारा थे नेहरू, उनमें राम की झलक थी- अटल बिहारी वाजपेयी
सरदार पटेल के साथ विश्वासघात है सरकारी कर्मचारियों को आरएसएस में जाने की छूट!
राहुल गाँधी के ‘जाति अपमान’ की आग से भस्म होगा बीजेपी का चक्रव्यूह !
कोई ‘बैल-बुद्धि’ ही हिटलर और स्टालिन को एक समान बताएगा!
ट्रंप पर चली गोली से राहुल को ज़ख़्मी करने की कोशिश बीजेपी की हिंसक-हीनभावना!
समाज
दलितों के सहारा थे नेहरू, उनमें राम की झलक थी- अटल बिहारी वाजपेयी
मोदी की तीसरी पारी के पहला साल में बढ़ा हेट क्राइम, 25 मुस्लिमों ने गँवाई जान!
राधाकृष्णन प्रसंग: बौद्धिक चोरी के आरोप की शवपरीक्षा!
राहुल गाँधी के ‘जाति अपमान’ की आग से भस्म होगा बीजेपी का चक्रव्यूह !
शंकराचार्य का पीएम मोदी के ‘अधर्म’ को बताना भारत का ‘रिनैसाँस’ क्षण है!
ओप-एड
शिवाजी के लिए तमाम मुस्लिम सेनानायकों ने भी बहाया था अपना ख़ून!
दलितों के सहारा थे नेहरू, उनमें राम की झलक थी- अटल बिहारी वाजपेयी
हिंदू राष्ट्र को हर कीमत पर रोको ,यह देश के लिए विपत्ति होगी -डॉ.आंबेडकर
‘हिंदुत्व’ ने की ‘महानतम हिंदू’ गाँधी की हत्या! ‘पाकिस्तान’ की प्रतिक्रिया का दावा झूठा!
‘समाजवादी’ विवेकानंद के विचारों के उलट है ‘हिंदुत्व’ राग!